जालंधर में युवती से कथित छेड़छाड़ का मामला: प्रॉपर्टी कारोबारी के बेटे ने उठाया, मारपीट कर गंदी हरकतें की; पुलिस ने मूकदर्शक बन केस दबाया!
पहले भी पुलिस अधिकारी की बेटी के साथ छेड़छाड़ के लगे थे आरोप, पैसों के नशे में बेटियों की इज्जत करना भूले समाज के भक्षक!
Punjab Hotmail, जालंधर। शहर के पीपीआर मार्केट के पास एक युवती के साथ कथित छेड़छाड़, अभद्र व्यवहार और जबरन कार में बैठाने की कोशिश का मामला सामने आया है।

आरोप शहर के एक चर्चित प्रॉपर्टी कारोबारी के बेटे पर लगे हैं। शिकायत के अनुसार, आरोपी ने राह से गुजर रही युवती को रोककर उससे आपत्तिजनक टिप्पणी की, उसका “रेट” पूछा और कथित तौर पर उसे जबरन कार में बैठाने का प्रयास किया।
युवती के विरोध करने पर दोनों के बीच हाथापाई भी हुई।
CCTV फुटेज में कथित हाथापाई का दावा
घटना स्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों में आरोपी और युवती के बीच कथित हाथापाई दिखाई देने की बात सामने आई है। माना जा रहा है कि यह फुटेज जांच में अहम साक्ष्य साबित हो सकती है।

हालांकि, इसकी आधिकारिक पुष्टि पुलिस की जांच के बाद ही होगी।
पीड़िता ने लगाए न्याय न मिलने के आरोप
मामला संबंधित थाने तक पहुंचा, लेकिन आरोप है कि प्रभावशाली परिवार के दबाव के चलते आरोपी के खिलाफ तत्काल सख्त कार्रवाई नहीं की गई।
पीड़िता का दावा है कि उसकी शिकायत पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई और बाद में समझौते का दबाव बनाया गया। इस पूरे घटनाक्रम ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।

पुराने आरोपों की भी चर्चा
सूत्रों के अनुसार, इसी परिवार के बेटे पर करीब 15 वर्ष पहले जीटीबी नगर इलाके में भी एक युवती से कथित छेड़छाड़ के आरोप लगे थे। हालांकि, इन पुराने आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है और उस समय मामला समझौते के जरिए समाप्त होने की बात कही जाती है।
निष्पक्ष जांच की उठी मांग
इस मामले ने महिलाओं की सुरक्षा और कानून व्यवस्था को लेकर गंभीर बहस छेड़ दी है। यदि सार्वजनिक स्थान पर किसी युवती के साथ कथित छेड़छाड़ और जबरन कार में बैठाने जैसी घटना हुई है, तो इसकी निष्पक्ष और पारदर्शी जांच आवश्यक है।
पुलिस द्वारा सीसीटीवी फुटेज, शिकायत और अन्य साक्ष्यों के आधार पर जांच कर सच्चाई सामने लाना और कानून के अनुसार कार्रवाई करना जरूरी है, ताकि न्याय होता हुआ दिखाई भी दे और महिलाओं का कानून पर भरोसा बना रहे।
