INDIA गठबंधन की अहम बैठक: महंगाई, विदेश नीति और वोटर लिस्ट पर घमासान, कई बड़े दल रहे नदारद
दिल्ली में विपक्ष का शक्ति प्रदर्शन, 2029 की रणनीति पर मंथन!
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Punjab Hotmail, नई दिल्ली। नई दिल्ली में आयोजित INDIA गठबंधन की महत्वपूर्ण बैठक में देश के राजनीतिक और आर्थिक मुद्दों पर गहन चर्चा हुई। हालांकि बैठक में तमिलनाडु की प्रमुख पार्टियों की गैरमौजूदगी चर्चा का विषय बनी रही।

डीएमके और विजय की टीवीके (TVK) ने बैठक से दूरी बनाए रखी, जिससे विपक्षी एकता को लेकर सवाल भी उठने लगे हैं।
खरगे ने केंद्र सरकार को घेरा
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने बैठक को संबोधित करते हुए महंगाई, बेरोजगारी, प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं, विदेश नीति और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) जैसे मुद्दों को जोरदार ढंग से उठाया।

उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार की विदेश नीति देश के हितों के अनुरूप नहीं रही और लोकतांत्रिक संस्थाओं पर लगातार दबाव बढ़ रहा है।
खरगे ने संसद में विपक्षी दलों की एकजुटता की सराहना करते हुए कहा कि INDIA गठबंधन ने कई महत्वपूर्ण विधेयकों का मिलकर विरोध किया और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए आगे भी एकजुट रहेगा।
भाजपा को 2029 में हराने का दावा



कर्नाटक कांग्रेस विधायक रिजवान अरशद ने कहा कि INDIA गठबंधन का मुख्य उद्देश्य भाजपा की जनविरोधी नीतियों को जनता के सामने लाना है।
उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2029 के लोकसभा चुनाव में INDIA गठबंधन भाजपा और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार को चुनौती देकर सत्ता में वापसी करेगा।
सांप्रदायिक ताकतों के खिलाफ एकजुटता पर जोर
कांग्रेस एमएलसी नागराज यादव ने कहा कि देश इस समय महंगाई और कई अन्य गंभीर समस्याओं से जूझ रहा है। ऐसे में विपक्ष का दायित्व है कि वह एकजुट होकर जनता के मुद्दों को उठाए और सांप्रदायिक ताकतों के खिलाफ मजबूती से खड़ा हो।
तमिलनाडु की पार्टियों की दूरी बनी चर्चा का विषय
बैठक में तमिलनाडु की कोई भी प्रमुख पार्टी शामिल नहीं हुई। डीएमके पहले से ही बैठक से दूरी बनाए हुए थी, वहीं विजय की टीवीके ने भी शिरकत नहीं की। इससे विपक्षी गठबंधन के भीतर समन्वय और रणनीति को लेकर नई चर्चाएं शुरू हो गई हैं।
दिल्ली के कॉन्स्टिट्यूशन क्लब में जारी इस बैठक को 2029 की राजनीतिक दिशा तय करने वाली महत्वपूर्ण बैठक माना जा रहा है, जहां विपक्ष केंद्र सरकार के खिलाफ साझा रणनीति बनाने की कोशिश कर रहा है।
